तवांग:
प्रधानमंत्री संग्रहालय एवं पुस्तकालय (PMML) के सीनियर फेलो और लाल बहादुर शास्त्री राष्ट्रीय प्रशासन अकादमी (LBSNAA) के पूर्व निदेशक डॉ. संजीव चोपड़ा ने अरुणाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री पेमा खांडू से तवांग में शिष्टाचार भेंट की। इस दौरान उन्होंने पद्मश्री मेजर बॉब खाथिंग के जीवन और योगदान पर अपने शोध की जानकारी दी तथा अपनी पुस्तक ‘We the People of the States of Bharat: The Making and Remaking of India’s Internal Boundaries’ मुख्यमंत्री को भेंट की।
बैठक में प्रशासनिक सुधार, सुशासन और विशेष रूप से पहाड़ी राज्यों के लिए एकीकृत एवं सतत विकास नीति पर विस्तार से चर्चा हुई। मुख्यमंत्री पेमा खांडू ने अरुणाचल प्रदेश सरकार और नेशनल सेंटर फॉर गुड गवर्नेंस (NCGG) के बीच साझेदारी को दोबारा शुरू करने में गहरी रुचि व्यक्त की।
मुख्यमंत्री ने मेजर बॉब खाथिंग की विस्तृत जीवनी तैयार करने के डॉ. चोपड़ा के प्रयासों की सराहना की। मेजर खाथिंग ने तवांग और बुम ला जैसे सीमावर्ती क्षेत्रों को भारत के प्रशासनिक दायरे में लाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी। मुख्यमंत्री ने तवांग में विकसित किए जा रहे मेजर बॉब खाथिंग संग्रहालय का भी उल्लेख किया।
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने डॉ. चोपड़ा से हिमालयी पारिस्थितिकी, पर्यावरण और संस्कृति पर आधारित एक शैक्षणिक एवं साहित्यिक कार्यक्रम की रूपरेखा तैयार करने का आग्रह किया। वहीं डॉ. चोपड़ा ने जिला अधिकारियों के सम्मेलन आयोजित करने की पहल की सराहना करते हुए कहा कि इससे अधिकारियों को विकास संबंधी अपने विचार खुलकर रखने का अवसर मिलता है।
इस अवसर पर तवांग की उपायुक्त आंग्मो नामग्याल भी मौजूद रहीं। उन्होंने स्वास्थ्य, शिक्षा, वित्तीय समावेशन और इको-फ्रेंडली होम-स्टे जैसी विकास योजनाओं की जानकारी दी। राज्य सरकार तवांग को घरेलू और विदेशी पर्यटकों के लिए एक प्रमुख पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने की दिशा में लगातार कार्य कर रही है।
